शायद किसी ने सच ही कहा है की किसी अच्छे काम को बढ़ावा देने वाले दुनिया में जितने है उससे कहीं ज्यादा उसके विरोधी, तभी तोह अन्ना हजारे के खिलाफ साजिशे करने वाले लगातार उनके संगठन को तोड़ने में लगे हुए है और इस उम्मीद में है की किसी तरह संगठन को तोड़ दिया जाये |
हाल ही में पार्टी के कार्यकर्ता अरविन्द केजरीवाल को अन्ना की तरफ से लिखी हुए एक फर्जी चिट्ठी मिली है जिसमे ये लिखा है की अन्ना अपने संगठन की कार्यप्रणाली से खुस नहीं है और इस चिट्ठी के मुताबिक़ अन्ना ने इंडिया अंगेस्ट करप्शन के लिए एकत्रित हुए धन का हिसाब मांगते हुए उसके इस्तेमाल पर भी आपत्ति जताई है |
इस पात्र के फर्जीवाड़े का खुलासा स्वयं अन्ना हजारे ने किया , और स्पष्ट किया की यह चिट्ठी संगठन में फूट डालने के उद्देश्य से लिखी गयी है जबकि मैंने अरविन्द कजरीवाल को कोई ऐसी चिट्ठी नहीं लिखी है |
